माफिया मुख्तार अंसारी को गैंगस्टर मामले में 10 साल की सजा हुई। एमपी एमएलए कोर्ट ने शुक्रवार को मुख्तार अंसारी को 10 साल की जेल की सजा सुनाई। साथ ही पांच लाख रुपये जुर्माना भी लगाया. दूसरे आरोपी सोनू को दो लाख जुर्माना सहित पांच साल की सजा सुनाई गई। कोर्ट ने सोनू समेत अंसारी को दोषी करार दिया था। मुख्तार अंसारी के वकील का कहना है कि वो इस आदेश के खिलाफ हाईकोर्ट जाएंगे।
ED ने एक बयान में कहा कि उसने अब्बास की संपत्तियों को जब्त कर लिया है, जिसमें आराजी नंबर 604 पर स्थित 1538 वर्ग फुट की जमीन, मौजा रजदेपुर देहाती, तहसील सदर, ग़ाज़ीपुर तथा उस पर निर्मित व्यावसायिक भवन, आराजी नंबर 169, मौजा जहांगीराबाद, परगना व तहसील-सदर, जनपद-मऊ में 6020 वर्ग फीट भूमि का भूखंड शामिल है। ईडी ने आरोप लगाया कि अब्बास ने ये संपत्तियां 6.23 करोड़ रुपये की सरकारी दर के मुकाबले 71.94 लाख रुपये के कम मूल्य पर हासिल की थीं।
ईडी ने यह भी कहा कि उसने धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के प्रावधानों के तहत मुख्तार के बैंक खाते में शेष राशि के रूप में 1.5 लाख रुपये रुपये जब्त किए हैं। ईडी का मामला मुख्तार और उसके सहयोगियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश पुलिस द्वारा दर्ज कई एफआईआर पर आधारित है। ईडी ने कहा कि मुख्तार और उनके परिवार के सदस्यों ने सरकारी जमीन हड़प ली और उस पर गोदाम बना लिया।










