छत्रपति शिवाजी महाराज के प्रसिद्ध ‘ वाघ नख ‘ को महाराष्ट्र सरकार भारत ला रही है। महाराष्ट्र सरकार ने 17वीं शताब्दी के ‘वाघ नख’ को एक प्रदर्शनी के लिए भारत लाने के लिए लंदन स्थित विक्टोरिया एंड अल्बर्ट संग्रहालय के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए।
छत्रपति शिवाजी महाराज ने इस वाघ नख का इस्तेमाल 1659 में बीजापुर सल्तनत के सेना पति अफजल खान को हराने के लिए किया था। दरअसल छत्रपति शिवाजी के राज्याभिषेक की 350वीं वर्षगांठ पर इसे लंदन से महाराष्ट्र लाया जा रहा है।
छत्रपति शिवाजी महाराज का यह हथियार मराठा साम्राज्य की राजधानी सतारा में ही था। अंग्रेजों के भारत आने के बाद मराठा पेशवा के प्रधानमंत्री ने 1818 में ईस्ट इंडिया कंपनी के अधिकारी जेम्स ग्रांट डफ को इसे भेंट किया था। डफ 1824 में इंग्लैंड लौट गए थे और उन्होंने इसे लंदन की विक्टोरिया एंड अल्बर्ट म्यूजियम को दान कर दिया था। उसके बाद से ही यह वाघ नख वहां रखा गया है।











