अमेरिका ने ईरान का बड़ा पुल तबाह किया, ट्रंप बोले — समझौता करो वर्ना और कार्रवाई होगी

 

अमेरिकी सेना ने ईरान में एक अहम हाईवे पुल पर हमला किया है जिससे दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ गया है। यह हमला बी1 पुल पर हुआ जो तेहरान को पास के शहर करज से जोड़ता है। अमेरिकी सेना के अधिकारी के मुताबिक यह पुल ईरान की मिसाइल और ड्रोन सेना के लिए सामान पहुंचाने का एक अहम रास्ता था इसलिए इसे निशाना बनाया गया।

इस हमले में कम से कम आठ लोगों की मौत हुई और कई घायल हुए जिनमें नवरोज के मौके पर बाहर निकले आम नागरिक भी शामिल थे। ईरान के सरकारी मीडिया ने दावा किया कि यह पुल सक्रिय नहीं था और सेना इसका इस्तेमाल नहीं कर रही थी। राष्ट्रपति ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘ईरान का सबसे बड़ा पुल गिरा दिया गया है। अभी और भी बहुत कुछ होना बाकी है!’ साथ ही उन्होंने ईरान को चेतावनी दी कि बहुत देर होने से पहले समझौता कर लो।

ईरान के नेताओं ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। संसद अध्यक्ष मोहम्मद गालिबाफ ने कहा कि जब देश की रक्षा की बात आएगी तो हर नागरिक सैनिक बन जाएगा। तेहरान ने फिलहाल बातचीत से इनकार करते हुए कहा कि मौजूदा हालात में वार्ता संभव नहीं है।

इस हमले के साथ ही अन्य जगहों पर भी हमले हुए। ईरानी अधिकारियों के मुताबिक पाश्चर इंस्टीट्यूट ऑफ ईरान को भी निशाना बनाया गया जो एक बड़ा सार्वजनिक स्वास्थ्य केंद्र है। इजरायल ने ईरान की मिसाइलें रोकीं और यमन के हूती विद्रोहियों ने भी इजरायल पर मिसाइल दागीं। रूस, चीन और फ्रांस ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में होर्मुज स्ट्रेट खोलने के लिए बल प्रयोग के प्रस्ताव को रोक दिया।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here