यूक्रेन युद्ध के मोर्चे से आज की सबसे बड़ी, भयानक और रणनीतिक रूप से विनाशकारी खबर सामने आ रही है, जिसने पूरे यूरोप और पश्चिमी देशों के खेमे में हाहाकार मचा दिया है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आदेश पर रूसी सेना ने यूक्रेन की राजधानी कीव (Kyiv) सहित कई बड़े शहरों पर अब तक का सबसे बड़ा और घातक हवाई हमला (Massive Aerial Strike) किया है। रूसी वायुसेना और मिसाइल डिफेंस यूनिट्स ने एक ही रात में यूक्रेन पर रिकॉर्ड 656 घातक सुसाइड ड्रोन और 73 अत्याधुनिक क्रूज और हाइपरसोनिक बैलिस्टिक मिसाइलों की अंधाधुंध बौछार कर दी है। इस भीषण हमले में रूस ने अपनी खतरनाक सैन्य रणनीति ‘डबल टैप अटैक’ (Double Tap Strike) का इस्तेमाल किया, जिसके तहत एक ही जगह पर बैक-टू-बैक दो मिसाइलें दागी गईं, ताकि पहले हमले के बाद राहत और बचाव कार्य के लिए जुटी टीमों और बुनियादी ढांचे को पूरी तरह नेस्तनाबूद किया जा सके। इस महाविनाशकारी हमले से कीव में आसमान छूती बहुमंजिला इमारतें ताश के पत्तों की तरह ढह गई हैं और चारों तरफ केवल मलबे और धुएं का गुबार दिखाई दे रहे है।
यूक्रेनी वायुसेना और स्थानीय प्रशासन के अनुसार, यह हमला हाल के महीनों का सबसे भीषण और सुनियोजित हमला था। कीव के मेयर विटाली क्लिट्स्को ने इस हमले को ‘कयामत की रात’ (Apocalypse) करार देते हुए बताया कि राजधानी के पोडिल्स्की, शेवचेंकोवस्की और ओबोलोंस्की जिलों में भारी तबाही हुई है। एक 24 मंजिला रिहायशी इमारत पर रूसी मिसाइल का सीधा प्रहार हुआ, जिससे इमारत का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह ढह गया और दर्जनों लोग मलबे के नीचे जिंदा दफन हो गए। यूक्रेन की राजधानी में अब तक 4 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और 3 बच्चों सहित 60 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल हैं। इसके अलावा, मध्य यूक्रेन के नीप्रो (Dnipro) शहर में भी रूस के इस ‘डबल टैप’ हमले ने भारी कहर बरपाया है, जहाँ पहली मिसाइल गिरने के बाद राहत कार्य में जुटे एक रेस्क्यू कर्मचारी समेत 6 लोगों की मौत हो गई और 36 अन्य नागरिक घायल हो गए। इस भीषण गोलाबारी से कीव के कई जिलों में बिजली ग्रिड पूरी तरह ध्वस्त हो गए हैं, जिससे 1 लाख 40 हजार से अधिक लोग अंधेरे में रहने को मजबूर हैं।
राष्ट्रवादी विचारकों और अंतरराष्ट्रीय सैन्य विशेषज्ञों का मानना है कि रूस का यह आक्रामक रुख पश्चिमी देशों के उस झूठे नैरेटिव के मुंह पर करारा तमाचा है, जो दावा कर रहे थे कि प्रतिबंधों के कारण रूस के मिसाइल और हथियार खत्म हो चुके हैं। राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की द्वारा पश्चिमी देशों से लगातार और अधिक पैट्रियट मिसाइल डिफेंस सिस्टम की भीख मांगने के ठीक दो दिन बाद पुतिन ने यह विनाशकारी प्रहार कर साफ कर दिया है कि नाटो (NATO) की कोई भी आधुनिक तकनीक रूसी हाइपरसोनिक मिसाइलों की रफ्तार को रोकने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रही है। रूस के रक्षा मंत्रालय ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि उन्होंने यूक्रेन के सैन्य-औद्योगिक परिसर (Military-Industrial Complex) और हथियारों के गुप्त गोदामों को पूरी तरह नष्ट करने के लिए यह ‘सफल सामूहिक हमला’ किया है। सोशल मीडिया और गूगल सर्च इंजन पर आज ‘Russia Ukraine War Kyiv Double Tap Attack’ और ‘Kyiv Missile Strike Today’ सबसे ऊपर ट्रेंड कर रहा है, क्योंकि पूरी दुनिया इस बात से हैरान है कि कैसे रूस ने एक ही रात में यूक्रेन के घमंड को पूरी तरह मलबे में मिला दिया है।











