नई दिल्ली: लैम रिसर्च के पीटर हॉलैंड ने विश्वास व्यक्त किया है कि भारत वैश्विक स्तर पर एक भरोसेमंद सेमीकंडक्टर हब के रूप में उभरने की पूरी क्षमता रखता है। उनके अनुसार, इस लक्ष्य को हासिल करने और वैश्विक मंच पर अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए देश में एक सुदृढ़ और व्यापक सप्लाई-चेन का विकास किया जाना बेहद आवश्यक है।
उन्होंने इस बात पर विशेष बल दिया कि सेमीकंडक्टर उद्योग के विस्तार के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे और आपूर्ति व्यवस्था को समय पर तैयार करना प्राथमिक शर्त है। एक मजबूत सप्लाई-चेन विकसित होने से निर्माण प्रक्रियाओं को गति मिलेगी और वैश्विक तकनीकी आवश्यकताओं को पूरा करने में भारत की निर्भरता व विश्वसनीयता दोनों में व्यापक सुधार होगा।
पीटर हॉलैंड द्वारा जताया गया यह भरोसा देश के तकनीकी परिदृश्य और विनिर्माण क्षेत्र के लिए एक सकारात्मक संकेत माना जा रहा है। यदि सप्लाई-चेन के विकास पर योजनाबद्ध तरीके से काम किया जाए, तो आने वाले समय में भारत दुनिया के प्रमुख सेमीकंडक्टर विनिर्माण केंद्रों में अपनी मजबूत पहचान स्थापित कर सकता है।











