नई दिल्ली: सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के महानिदेशक ने भारत-बांग्लादेश सीमा पर निगरानी तंत्र को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से आवश्यक भूमि उपलब्ध कराने के लिए सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि इस रणनीतिक कदम से सीमावर्ती क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे के विकास को गति मिलेगी और सुरक्षा तंत्र पहले की तुलना में अधिक चाक-चौबंद होगा।
आवश्यक भूमि मिलने से सीमा पर व्यापक बाड़ लगाने, उन्नत निगरानी चौकियां स्थापित करने और अत्याधुनिक तकनीकी उपकरणों की तैनाती के कार्य में तेजी आएगी। इससे सुरक्षा बलों को सीमा पार से होने वाली अवैध घुसपैठ, तस्करी और अन्य गैर-कानूनी गतिविधियों पर प्रभावी तरीके से रोक लगाने में सीधी मदद मिलेगी, जिससे दोनों देशों की सीमा पर प्रबंधन अधिक व्यवस्थित हो सकेगा।
बीएसएफ प्रमुख ने विश्वास जताया कि नए बुनियादी ढांचे और तकनीकी संसाधनों के जुड़ने से जवानों की परिचालन क्षमता में भारी सुधार होगा। रणनीतिक आवश्यकताओं के अनुरूप समय पर जमीन का आवंटन सीमा सुरक्षा को प्राथमिकता देने की दिशा में एक अहम कदम है, जिससे सीमावर्ती इलाकों में शांति और राष्ट्रीय सुरक्षा को और मजबूती मिलेगी।











